हज़रत अबू सईद (रज़ियल्लाहु अन्हु) से रिवायत है कि नबी अकरम (ﷺ) ने फ़रमाया: "सच्चा और अमानतदार ताज़िर (क़यामत के दिन) अंबिया, सिद्दीक़ीन और शोहदा के साथ होगा।"
नाज़िम नदवतुल उलमा हज़रत मौलाना बिलाल अब्दुल हई साहब हसनी नदवी ज़ीद मजदुहू ने दारुल उलूम के साबिक़ मोहतमिम हज़रत उस्ताज़ डॉक्टर मौलाना सईदुर्रहमान साहब आज़मी नदवी रह. के हवाले से यह सराहत फ़रमाई कि सख़्त जिस्मानी ज़ोअफ़ के सबब हज़रत मोहतमिम साहब पिछले ढाई साल से दारुल उलूम आने से क़ासिर रहे, इस दौरा...