"जब हम अल्लाह की नहीं सुनते, तो वह हमारे हाथ में सब कुछ थमा कर हमें बे-सुकून (अशांत) कर देता है। फिर आपके पास सब कुछ होता है लेकिन सुकून नहीं होता। ❤️
'अल्लाह की मोहब्बत वह वाहिद (इकलौती) मोहब्बत है
जिसमें अगर तुम डूब जाओगे तो निजात (मुक्ति) पाओगे।'
अल्लाह की मोहब्बत वह वाहिद मोहब्बत है
जिसमें अगर तुम डूब जाओगे तो निजात पाओगे...!!
अपने रब के अलावा किसी से उम्मीद मत रखो।"