*थोड़ा मुस्कुरा लीजिए*
अगर बेगम नमाज़ के दौरान ऊंची आवाज़ में खंगारें (गला साफ़ करें) या बुलंद आवाज़ में तकबीर—यानी अल्लाहू अकबर कहें, तो निम्नलिखित बातों को चेक कर लीजिए:
बच्चे को जाकर देख लें।
चूल्हे पर रखी हंडिया (बर्तन) में चमचा चला दें।
दरवाज़ा चेक कर लें, शायद बाहर कोई खड़ा है।
टीव्ही (TV) की आवाज़ कम कर दें।
बारिश या तेज़ हवा की स्थिति में तुरंत बाहर लटके कपड़े उतार कर अंदर रख दें।
अगर इनमें से कोई भी बात नहीं है, तो समझ लें कि बेगम ने आपके साथ ही बाहर जाना है। उनकी नमाज़ ख़त्म होने का इंतज़ार करें, वरना मौसूफ़ा (श्रीमती जी) आपके किसी भी शारीरिक, आध्यात्मिक या मनोवैज्ञानिक नुक़सान की ज़िम्मेदार नहीं होंगी।