"ज़िंदगी का लुत्फ़ (मज़ा) अपने तरीके से लो,
लोगों को खुश कर...
Ummah Post
21 August, 2025

"ज़िंदगी का लुत्फ़ (मज़ा) अपने तरीके से लो,

लोगों को खुश करने के चक्कर में तो शेर को भी सर्कस में नाचना पड़ता है..."

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निष्कपटता की मिसाल
लेख

निष्कपटता की मिसाल

जब हज़रत साद बिन अबी वक़्क़ास (रज़ियल्लाहु अन्हु) ने मदायन को फ़तह (विजय) किया, तो उन्होंने ऐलान करवाया कि जिस मुजाहिद (योद्धा) के पास जो भी माल-ए-ग़नीमत (युद्ध की सामग्री) है, वह सब लाकर एक जगह जमा करवाए ताकि हम उसे तक़्सीम (वितरित) कर सकें। लोग माल-ए-ग़नीमत जमा करवाने लग गए। तीन दिन गुज़र गए और ऐस...