अल-हम्दु लिल्लाहि अला कुल्लि हाल (اَلْحَمْدُ لِلّٰهِ عَلَىٰ كُلِّ حَالٍ)
एक ऐसा जुमला जो हमारे दिलों के दर्द पर मरहम रखता है,
टूटे हुए हौसलों को जोड़ता है,
नई उम्मीद जगाता है,
और मायूसियों की तारीकी में
उम्मीद की एक मद्धम सी रौशनी रौशन कर देता है।
अल-हम्दु लिल्लाह… हर हाल में, हर हाल के बावजूद। 🥀🥀