घर का मुखिया होना कोई मामूली सी बात नहीं,  
दुनिया भर की सा...
Ummah Post
10 November, 2024

घर का मुखिया होना कोई मामूली सी बात नहीं,

दुनिया भर की सारी ज़िम्मेदारी सर पर होती है।

तपती धूप में जलना पड़ता है इक बाप को सारे दिन,

तब जाकर बच्चों को ठंडी छाँव मयस्सर (प्राप्त) होती है।

बरौनी जंक्शन, बिहार का यह वाक़या (घटना) है।

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मदरसा के छात्रों की पाकीज़गी
लेख

मदरसा के छात्रों की पाकीज़गी

शेख़ुल क़ुरआन मौलाना मुफ़्ती मुहम्मद ज़रवली ख़ान साहब (रह.) फ़रमाते थे: मदारिस (मदरसों) के तलबा (छात्र) बहुत पाक मख़्लूक़ (पवित्र जीव) हैं। एक दिन हमारे मदरसे में एक तालिब-ए-इल्म (छात्र) को शरारत पर मैंने सज़ा दी, तो कुछ देर बाद मेरे हाथ ने हरकत करना छोड़ दिया और वह मुर्दा (बेजान) हो गया। मैंने...