"इंसान की ज़िन्दगी की सबसे बड़ी सितम-ज़रीफ़ी (विडंबना) यह है...
Ummah Post
12 November, 2024

"इंसान की ज़िन्दगी की सबसे बड़ी सितम-ज़रीफ़ी (विडंबना) यह है कि वह झूठी तारीफ़ सुनकर बर्बाद होना पसंद करता है, लेकिन सच्ची तनक़ीद (आलोचना) सुनकर खुद को संभालना पसंद नहीं करता।" 💯✨

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सालगिरह (जन्मदिन) मनाने की शरई हैसियत
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सालगिरह (जन्मदिन) मनाने की शरई हैसियत

आज पूरी दुनिया में मुसलमानों पर आफ़ात और मुसीबतें उमड़-उमड़ कर आ रही हैं। अगर इसकी वजह यह बताई जाए तो गलत न होगा कि यह मुसीबत बुराइयों, बेपर्दगी, अजनबी पुरुषों का अजनबी महिलाओं से मेलजोल और दीन (धर्म) में नए-नए खुराफातों के दाखिले का नतीजा है। यह यहूदियों के नापाक मंसूबे हैं कि मुसलमानों के अंदर से...