"मॉडर्न लिबास (कपड़ों) में औरत को तवज्जो (ध्यान) तो मिल सकती...
Ummah Post
29 August, 2025

"मॉडर्न लिबास (कपड़ों) में औरत को तवज्जो (ध्यान) तो मिल सकती है... लेकिन इज़्ज़त सिर्फ़ बापर्दा ख़वातीन (पर्दा करने वाली महिलाओं) को मिलती है..." 💯🙂

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"तो हे आँख वालों! इबरत (सीख) हासिल करो।" यह उन लोगों के लिए एक सबक है जो "मेरा जिस्म, मेरी मर्जी" का नारा लगाते हैं। मर्जी भी उसी की थी और जिस्म भी उसी का था, मगर उसके बाद जो हुआ वह सन्नाटे से गूंजता हुआ एक कमरा था। बंद दरवाजे के पीछे महीनों से खामोश पड़ी एक लाश थी, और आस-पास न कोई रोने वाली आँख...