*सर्दियां फिर से आ गई हैं*
*न शादी हुई न ही मंगनी हुई*
*फि...
Ummah Post
25 November, 2024

*सर्दियां फिर से आ गई हैं*

*न शादी हुई न ही मंगनी हुई*

*फिर वही तन्हाई और वही फूलों वाली रजाई ؏* 😂😢 😂

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हज़रत इब्राहिम बिन अदहम (रह.) की छह बहुमूल्य नसीहतें
लेख

हज़रत इब्राहिम बिन अदहम (रह.) की छह बहुमूल्य नसीहतें

एक व्यक्ति आपके पास आया और अर्ज़ किया कि कुछ नसीहत फ़रमाइए। आपने फ़रमाया, "छह (6) बातें बताता हूँ, उन पर अमल करो, फिर कुछ भी करोगे तो नुक़सान न पहुँचेगा।" आपने उन छह बातों की व्याख्या इस तरह की: 1. जब गुनाह करो तो उसकी (अल्लाह पाक की) नेमत मत खाओ। दुनिया में जो कुछ भी है, वह उसी की नेमत है; क्या...