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आदात, अख़लाक़ और तर्ज़-ए-अमल ख़ून और नस्ल दोनों की पहचान करा देते हैं

आदात, अख़लाक़ और तर्ज़-ए-अमल ख़ून और नस्ल दोनों की पहचान करा देते हैं

एक बादशाह के दरबार में एक अजनबी नौकरी की तलब लिए हाज़िर हुआ, क़ाबिलियत पूछी गई, कहा कि मैं सियासी हूँ। बादशाह के पास सियासतदानों की भीड़ रहती थी, उसे ख़ास घोड़ों के अस्तबल का इंचार...

30 Oct, 2026 और पढ़ें
सालगिरह (जन्मदिन) मनाने की शरई हैसियत

सालगिरह (जन्मदिन) मनाने की शरई हैसियत

आज पूरी दुनिया में मुसलमानों पर आफ़ात और मुसीबतें उमड़-उमड़ कर आ रही हैं। अगर इसकी वजह यह बताई जाए तो गलत न होगा कि यह मुसीबत बुराइयों, बेपर्दगी, अजनबी पुरुषों का अजनबी महिलाओं से...

03 Aug, 2026 और पढ़ें
मेरे आदरणीय पिता का घरेलू और पारिवारिक जीवन

मेरे आदरणीय पिता का घरेलू और पारिवारिक जीवन

लेखक: मौलाना मोहम्मद सईद पालनपुरी शिक्षक: जामिया अल-इमाम मोहम्मद अनवर शाह कश्मीरी, देवबंद मेरे आदरणीय पिता हज़रत मौलाना मुफ़्ती सईद अहमद साहब पालनपुरी, पूर्व शेख-उल-हदीस और स...

25 Jun, 2026 और पढ़ें
आज ही तो ग़रीबी का असली मज़ा मिला है

आज ही तो ग़रीबी का असली मज़ा मिला है

एक गाँव में एक ग़रीब नाई रहा करता था जो एक पेड़ के नीचे कुर्सी लगाकर लोगों की हजामत (बाल-दाढ़ी) बनाया करता था। उसकी गुज़र-बसर बहुत मुश्किल से हो रही थी। उसके पास रहने को न कोई घर थ...

18 Oct, 2025 और पढ़ें
एक ही सफ़ (कतार) में खड़े हो गए महमूद व अयाज़ (इस्लामी न्याय की मिसाल)

एक ही सफ़ (कतार) में खड़े हो गए महमूद व अयाज़ (इस्लामी न्याय की मिसाल)

इमाम अबू यूसुफ (रह.) खलीफा हारून रशीद के ज़माने में पूरे इस्लामी जगत के मुख्य न्यायाधीश (काज़ी-उल-कुज़ात) थे। एक बार उनके पास खलीफा हारून रशीद और एक ईसाई नागरिक का मुकदमा आया। इमाम...

22 Jul, 2025 और पढ़ें
खौफ-ए-इलाही (अल्लाह का डर) भी मारिफत (पहचान) का नतीजा है!!

खौफ-ए-इलाही (अल्लाह का डर) भी मारिफत (पहचान) का नतीजा है!!

इमाम जलालुद्दीन रूमी (रह.) ने लिखा है कि एक आदमी सफर पर निकला। वह एक जंगल में चलता रहा और बहुत दूर चलने के बाद उसे भारी थकान महसूस हुई, जिसके कारण उस पर नींद हावी हो गई। उसने सोचा...

21 Jul, 2025 और पढ़ें
यौम-ए-आशूरा: इसका महत्व, महानता और 21 ऐतिहासिक घटनाएँ

यौम-ए-आशूरा: इसका महत्व, महानता और 21 ऐतिहासिक घटनाएँ

यौम-ए-आशूरा बड़ा ही महत्वपूर्ण और महानता का हामिल दिन है, इतिहास की महान घटनाएँ इससे जुड़ी हुई हैं; चुनाँचे इतिहासकारों ने लिखा है कि: (1) यौम-ए-आशूरा में ही आसमान और ज़मीन, क़ल...

28 Jun, 2025 और पढ़ें
पड़ोसियों का सम्मान और बेमिसाल सादगी:

पड़ोसियों का सम्मान और बेमिसाल सादगी:

हज़रत मौलाना सैयद असग़र हुसैन रहिमतुल्लाह अलैह (जो अपने मिलने वालों में हज़रत मियां साहब के नाम से मशहूर थे) दारुल उलूम देवबंद के उन उस्तादों में से थे जो शोहरत और नाम-ओ-नमूद (دکھا...

27 Jun, 2025 और पढ़ें
कारोबारी लाइन में मर्द-ओ-ज़न का इख़्तिलात

कारोबारी लाइन में मर्द-ओ-ज़न का इख़्तिलात

मलफ़ूज़ात : हज़रत मौलाना मोहम्मद हकीम अख्तर साहब रहमतुल्लाह अलैह - व्यापारिक (کاروباری) लाइन में भी मर्द और औरत का इख़्तिलात (मेल-जोल) उरूज (चरम) पर है, देखिए! अव्वल (पहले) तो...

26 Jun, 2025 और पढ़ें
एक वली की सच्ची भविष्यवाणी:

एक वली की सच्ची भविष्यवाणी:

हज़रत शाह अब्दुल रहीम साहब सहारनपुरी, जो बड़े साहिब-ए-कश्फ़-ओ-करामात (आध्यात्मिक रहस्य और चमत्कार वाले) थे, उनका एक वाक़िया बहुत मशहूर है कि पंजाब से हकीम नूरुद्दीन इलाज के सिलसिले...

26 Jun, 2025 और पढ़ें
कहानी के दो पहलू। 🎭

कहानी के दो पहलू। 🎭

1956 में अमेरिका में एक समुद्री जहाज़ तेल लेकर जा रहा था। यह जहाज़ अचानक अपने रूट से हटा, समुद्र में मौजूद एक चट्टान से टकराया और पाश-पाश (चकनाचूर) हो गया। हादसे के बाद जहाज़ के कप...

18 Jun, 2025 और पढ़ें
माल्टा के घाव: हज़रत शैखुल हिंद की महान क़ुर्बानियां और अटूट ईमान

माल्टा के घाव: हज़रत शैखुल हिंद की महान क़ुर्बानियां और अटूट ईमान

हज़रत शैखुल हिंद को दीन (धर्म) के लिए बड़ी क़ुर्बानियां देनी पड़ीं। उनके हालात-ए-ज़िंदगी (जीवनी) में लिखा है कि जब उनका देहांत हकीम मोहम्मद अजमल की कोठी पर हुआ, तो ग़ुस्ल (अंतिम स्...

17 Jun, 2025 और पढ़ें